सड़क हादसे में माता-पिता और भाई को खोने वाली चार बहनों से डीएम इंद्रजीत सिंह ने मुलाकात की। प्रशासन ने उनकी शिक्षा, आर्थिक सहायता और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए अधिकारियों को प्राथमिकता से मदद के निर्देश दिए।
Post Published By: Ramdev Gupta
Updated : 5 October 2026, 6:34 PM IST
Sultanpur: उत्तरप्रदेश के सुलतानपुर जिले में सड़क हादसे में माता-पिता और बड़े भाई की मौत के बाद अनाथ हुई चार बहनों से सोमवार को जिलाधिकारी इंद्रजीत सिंह ने कलेक्ट्रेट में मुलाकात की। परिवार के उजड़ने के बाद मुश्किल दौर से गुजर रही बहनों से डीएम ने बातचीत कर उनकी समस्याएं जानीं और हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया।
चारों बहनों में बड़ी पुत्री शिवांगी गुप्ता बालिग हैं, जबकि तीन अन्य बहनें नाबालिग हैं। जिलाधिकारी ने बच्चियों से उनकी पढ़ाई, आर्थिक स्थिति और भविष्य की जरूरतों के बारे में जानकारी ली।
पढ़ाई प्रभावित न हो, डीएम ने दिए निर्देश
डीएम इंद्रजीत सिंह ने कहा कि परिवार के इस कठिन समय में प्रशासन चारों बहनों के साथ खड़ा है। बच्चियों की शिक्षा किसी भी स्थिति में प्रभावित नहीं होनी चाहिए और उन्हें जरूरत के मुताबिक सहायता समय पर मिलनी चाहिए।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि पात्रता के अनुसार चारों बहनों को शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ प्राथमिकता और समयबद्ध तरीके से उपलब्ध कराया जाए।
नाबालिग बहनों की सुरक्षा पर विशेष जोर
जिलाधिकारी ने नाबालिग बहनों की सुरक्षा और देखभाल के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही अधिकारियों से कहा कि बच्चियों की पढ़ाई में किसी प्रकार की बाधा न आने पाए।
बैठक के दौरान उपजिलाधिकारी कादीपुर, जिला प्रोबेशन अधिकारी, सहायक श्रम आयुक्त और बाल कल्याण समिति के सदस्य मौजूद रहे। डीएम ने अधिकारियों के साथ चारों बहनों की शिक्षा, आर्थिक सहायता और सुरक्षा से जुड़े पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की।
जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करने और बच्चियों की जरूरत के अनुसार आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। प्रशासन की ओर से चारों बहनों को उनके भविष्य को लेकर हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया गया।



